
शाहिद हत्याकांड में आरोपी सोहेल को राहत नहीं, अदालत ने जमानत अर्जी की खारिज
रंजिश के चलते युवक शाहिद की धारदार हथियार से हत्या किए जाने के मामले में आरोपी सोहेल को अदालत से राहत नहीं मिली। शुक्रवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम की अदालत में आरोपी की जमानत अर्जी पर सुनवाई हुई। बचाव पक्ष ने आरोपों को निराधार बताते हुए जमानत की मांग की, जबकि शासकीय अधिवक्ता पवन कुमार दूबे ने अपराध की गंभीरता का हवाला देते हुए इसका विरोध किया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने आरोपी की जमानत अर्जी खारिज कर दी।
अभियोजन के अनुसार अमेठी जिले के बाजार शुकुल थाना क्षेत्र के निवासी मोहम्मद शरीफ ने 24 फरवरी को अपने पुत्र मोहम्मद शाहिद की हत्या के मामले में मुकदमा दर्ज कराया था। शिकायत में बताया गया कि 23 फरवरी की शाम शाहिद मोबाइल फोन पर बात करते हुए घर से निकला था, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटा। बाद में उसका मोबाइल भी स्विच ऑफ आने लगा। परिजनों ने काफी तलाश की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला।
अगले दिन स्थानीय बाजार से कुछ दूरी पर पुलिया के पास झाड़ियों में शाहिद का शव बरामद हुआ। मामले में वादी ने स्थानीय कस्बा निवासी गुलाम मोहम्मद, कफील तथा पूरे लोहांगी मजरे दक्खिनगांव निवासी सोहेल और इरफान को नामजद किया था। पुलिस कार्रवाई के बाद आरोपी सोहेल को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए उसकी जमानत अर्जी खारिज कर दी।

