
यूपी विधानसभा में सपा ने उठाया चढ़ावा चोरी का मुद्दा, सपा-बीजेपी के बीच जमकर नारेबाजी
लखनऊ: उत्तर प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र के दौरान मंगलवार को सदन में उस समय जोरदार हंगामा देखने को मिला, जब समाजवादी पार्टी (सपा) ने मंदिरों में चढ़ावे की कथित चोरी और अनियमितताओं का मुद्दा उठाया। विपक्ष ने सरकार पर इस मामले में जवाब देने का दबाव बनाया, जबकि सत्ता पक्ष ने आरोपों को राजनीतिक बताया। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक और जमकर नारेबाजी हुई।
कार्यवाही शुरू होते ही सपा विधायकों ने चढ़ावे की सुरक्षा और कथित गड़बड़ियों का मुद्दा उठाते हुए सरकार से जवाब मांगा। विपक्ष का कहना था कि श्रद्धालुओं की आस्था से जुड़े मामलों में पारदर्शिता और निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। सपा सदस्यों ने इस मुद्दे को गंभीर बताते हुए सरकार से स्पष्ट जवाब और कार्रवाई की मांग की।
वहीं, बीजेपी विधायकों ने विपक्ष के आरोपों का कड़ा विरोध किया। सत्ता पक्ष का कहना था कि सरकार धार्मिक स्थलों की व्यवस्था को लेकर पूरी तरह गंभीर है और विपक्ष बिना तथ्यों के माहौल बिगाड़ने की कोशिश कर रहा है। इस दौरान सत्ता और विपक्ष के सदस्य अपनी-अपनी सीटों से खड़े होकर नारे लगाने लगे, जिससे सदन का माहौल काफी गर्म हो गया।
हंगामे के कारण विधानसभा की कार्यवाही कुछ समय के लिए बाधित रही। विधानसभा अध्यक्ष ने दोनों पक्षों से शांति बनाए रखने और सदन की गरिमा का सम्मान करने की अपील की, लेकिन नारेबाजी जारी रहने पर कार्यवाही को कुछ समय के लिए स्थगित करना पड़ा।
बाद में सदन की कार्यवाही दोबारा शुरू होने पर भी विपक्ष ने अपने आरोप दोहराए और सरकार से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। सरकार की ओर से कहा गया कि यदि किसी भी स्तर पर कोई अनियमितता सामने आती है तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि चढ़ावे का मुद्दा आगामी चुनावी राजनीति में भी अहम विषय बन सकता है, क्योंकि यह सीधे तौर पर धार्मिक आस्था और जनभावनाओं से जुड़ा हुआ है। फिलहाल, विधानसभा में इस मुद्दे को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच टकराव ने प्रदेश की राजनीति को गर्मा दिया है।

