
सहस्त्रधारा में फिर बढ़ा खतरा, पिछली त्रासदी से नहीं लिया सबक
देहरादून की प्रसिद्ध पर्यटन नगरी सहस्त्रधारा में एक बार फिर सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। नदी किनारे लगातार हो रहे अवैध निर्माण और अतिक्रमण के कारण यहां हादसों का खतरा बढ़ता जा रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछली त्रासदी के बाद भी प्रशासन और संबंधित विभागों ने पर्याप्त सख्ती नहीं दिखाई, जिसके चलते नदी के आसपास निर्माण कार्य लगातार जारी हैं। बरसात का मौसम नजदीक होने से स्थिति और चिंताजनक मानी जा रही है।
क्षेत्र के लोगों और पर्यावरण से जुड़े विशेषज्ञों का मानना है कि नदी के प्राकृतिक प्रवाह क्षेत्र में हो रहे निर्माण भविष्य में बड़े हादसे की वजह बन सकते हैं। उनका कहना है कि चेतावनियों और पूर्व में हुई घटनाओं के बावजूद नियमों की अनदेखी की जा रही है। यदि समय रहते प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई तो भारी बारिश या अचानक जलस्तर बढ़ने की स्थिति में पर्यटकों और स्थानीय लोगों की जान जोखिम में पड़ सकती है।
वहीं, प्रशासन का कहना है कि क्षेत्र में अवैध निर्माणों की जांच की जा रही है और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। हालांकि, स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि कार्रवाई की रफ्तार अपेक्षित नहीं है। पिछले हादसों से सबक लेते हुए अब लोगों की मांग है कि नदी किनारे हो रहे अवैध निर्माणों पर तत्काल रोक लगाई जाए और संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन कराया जाए, ताकि भविष्य में किसी बड़ी त्रासदी से बचा जा सके।

