
सरस डेयरी पर किसानों का बड़ा आंदोलन! RLP ने दिया खुला समर्थन, प्रशासन को दी चेतावनी
सीकर के पलसाना स्थित सरस डेयरी में अपनी विभिन्न मांगों को लेकर पिछले 20 दिनों से धरने पर बैठे दुग्ध उत्पादक किसानों के आंदोलन को अब राजनीतिक समर्थन भी मिलने लगा है। सोमवार को राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (RLP) के पदाधिकारी धरना स्थल पर पहुंचे और किसानों के साथ बैठकर उनके संघर्ष का समर्थन किया। इस दौरान पार्टी नेताओं ने किसानों की मांगों को पूरी तरह न्यायसंगत बताते हुए कहा कि लंबे समय से लंबित समस्याओं का समाधान अब और टाला नहीं जाना चाहिए। उन्होंने भरोसा दिलाया कि किसानों के अधिकारों की लड़ाई में पार्टी हर स्तर पर उनके साथ खड़ी रहेगी और आवश्यक होने पर आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा।
राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के खंडेला सह प्रभारी एडवोकेट गोकुलचंद गोदारा ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि दुग्ध उत्पादक किसानों की वर्षों पुरानी मांगों का शीघ्र समाधान किया जाना चाहिए। उन्होंने सरस डेयरी प्रशासन से किसानों के प्रतिनिधियों के साथ तत्काल वार्ता शुरू कर सकारात्मक निर्णय लेने की अपील की। गोदारा ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि किसानों की उचित मांगों की लगातार अनदेखी की गई तो राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी किसानों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर आंदोलन को और तेज एवं व्यापक रूप देगी। वहीं खंडेला सह प्रभारी सुरेश लील गढ़भोपजी ने भी कहा कि सरकार और डेयरी प्रशासन को संवेदनशीलता दिखाते हुए किसानों की समस्याओं का जल्द समाधान करना चाहिए, ताकि दुग्ध उत्पादकों को राहत मिल सके।
धरना स्थल पर सीकर और झुंझुनूं जिलों से बड़ी संख्या में दुग्ध उत्पादक किसान और ग्रामीण मौजूद रहे। सभी ने एकजुट होकर अपनी मांगों के समर्थन में आवाज बुलंद की और आंदोलन को शांतिपूर्ण ढंग से जारी रखने का संकल्प दोहराया। राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी के पदाधिकारियों ने किसानों को भरोसा दिलाया कि जब तक उनकी मांगें पूरी नहीं होतीं, तब तक पार्टी हर संघर्ष में उनके साथ मजबूती से खड़ी रहेगी। किसानों ने भी उम्मीद जताई कि प्रशासन जल्द सकारात्मक पहल करेगा, अन्यथा आंदोलन को आगामी दिनों में और अधिक व्यापक रूप दिया जाएगा।

