
फसल बीमा घोटाले की रिपोर्ट तलब, कृषि मंत्रालय सख्त; विभागीय अफसरों-कर्मचारियों पर कार्रवाई तय
कृषि मंत्रालय ने फसल बीमा घपले की रिपोर्ट तलब की है। महोबा, झांसी के साथ मथुरा, फर्रुखाबाद सहित अन्य जिलों का ब्योरा मांगा है। कृषि एवं राजस्व विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों पर कार्रवाई होना तय है। उत्तर प्रदेश में महोबा, झांसी सहित विभिन्न जिलों में प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना में घपला उजागर होने पर केंद्रीय कृषि मंत्रालय ने पूरे प्रकरण की रिपोर्ट तलब की है। इसमें अब तक की गई कार्रवाई का ब्योरा भी मांगा गया है। मंत्रालय के रुख से कृषि एवं राजस्व विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों पर कार्रवाई होना तय माना जा रहा है।दरअसल, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना एवं पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा योजना में करोड़ों के घपले की जांच चल रही है। कई लोगों की गिरफ्तारी भी हो चुकी है। कृषि विभाग के एक उच्च अधिकारी ने बताया कि इस प्रकरण में कृषि मंत्रालय ने फसल बीमा के तरीके, सामने आए तथ्यों, प्रकरण खुलने के बाद अब तक की गई कार्रवाई आदि की विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। मंत्रालय ने यह भी पूछा है कि गड़बड़ी रोकने की जिम्मेदारी निभाने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने किस स्तर पर चूक की है? मंत्रालय से रिपोर्ट तलब किए जाने के बाद कृषि विभाग में हलचल मची है।डीएम महोबा ने पूरे प्रकरण में रिपोर्ट शासन को भेज दी है जबकि अन्य स्थानों से रिपोर्ट नहीं भेजी गई है। ऐसे में झांसी, जालौन, फर्रुखाबाद, मथुरा व अन्य जिलों के डीएम को जल्द जांच रिपोर्ट भेजने का निर्देश दिया गया है। इस प्रकरण में कृषि एवं राजस्व विभाग के कई अधिकारियों एवं कर्मचारियों पर गाज गिरना तय माना जा रहा है। यही वजह है कि दोनों विभाग के अधिकारी बचने की कोशिश में लगे हैं। वे एक-दूसरे को जिम्मेदार ठहराने की कोशिश कर रहे हैं।

